
डेस्क खबर बिलासपुर../ जिले के उप पंजीयक कार्यालय बिलासपुर में पदस्थ सहकारी निरीक्षक गोपाल प्रसाद बिंद से जुड़े कथित फर्जी जाति प्रमाण पत्र मामले में विभागीय कार्रवाई को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। दावा है कि मामले में हाई कोर्ट से मिला स्टे हटने के बावजूद अब तक न तो उनके खिलाफ सेवा संबंधी ठोस कार्रवाई की गई है और न ही वेतन भुगतान पर रोक लगाई गई है।
जानकारी के मुताबिक, मामला लंबे समय से शिकायत और कानूनी प्रक्रिया के दायरे में है। आरोप है कि कथित फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी हासिल की गई। वहीं, हाई कोर्ट से स्टे हटने के बाद भी संबंधित कर्मचारी के सेवा में बने रहने और नियमित वेतन भुगतान जारी रहने को लेकर शिकायतकर्ताओं ने शासन और विभागीय अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठाए हैं।
छह महीने से ज्यादा समय, फिर भी कार्रवाई का इंतजार
दावा किया जा रहा है कि स्टे हटे छह महीने से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक मामले में निर्णायक कार्रवाई सामने नहीं आई है। ऐसे में सवाल उठता है कि यदि दस्तावेजों और नियुक्ति की वैधता को लेकर गंभीर आपत्ति है, तो विभागीय स्तर पर जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया इतनी लंबी क्यों खिंच रही है?
मामले में कई शिकायतें सामने आने की बात भी कही जा रही है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि कार्रवाई में देरी से शासन को वेतन के रूप में लगातार आर्थिक भार उठाना पड़ रहा है।
अधिकारी-कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के घेरे में
सबसे बड़ा सवाल अब उप पंजीयक कार्यालय की कार्यप्रणाली पर उठ रहा है। शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि मामले को लंबा खींचकर दबाने का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि विभागीय अधिकारियों या संबंधित कर्मचारी की किसी मिलीभगत की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
ऐसे में निष्पक्ष जांच के जरिए यह स्पष्ट होना जरूरी है कि जाति प्रमाण पत्र वास्तविक है या नहीं, नियुक्ति किन दस्तावेजों के आधार पर हुई, हाई कोर्ट के आदेश के बाद विभाग ने क्या कदम उठाए और अब तक वेतन भुगतान किस आधार पर जारी है।
बड़ा सवाल स्टे हटने के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं?
कथित फर्जी प्रमाण पत्र की जांच कब पूरी होगी?
वेतन भुगतान जारी रखने का आधार क्या है?
और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो शासन को हुई आर्थिक क्षति की जिम्मेदारी कौन तय करेगा?
अब निगाहें विभाग और राज्य शासन की अगली कार्रवाई पर हैं। फिलहाल इस मामले में पक्ष जानने के लिए उपपंजीयक से मोबाइल में संपर्क नहीं हो पाया है ।




