डेस्क खबरबिलासपुर

ढाबे की आड़ में खुला बार… आबकारी विभाग बना मूकदर्शक!  सकरी के ढाबे का वीडियो हुआ वायरल



डेस्क खबर बिलासपुर . / बिलासपुर के सकरी क्षेत्र स्थित भरनी–परसदा–पेंडारी मार्ग पर अवैध शराब का साम्राज्य लगातार बढ़ते जा रहा है । इस मार्ग में स्थित अधिकांश ढाबे और होटलों में खाने के साथ खुलेआम शराब पिलाई जा रही है । आबकारी और पुलिस विभाग की निष्क्रियता के कारण
भरनी–परसदा–पेंडारी मुख्य मार्ग पर इन दिनों कानून नहीं, बल्कि अवैध शराब कारोबारियों का राज चलता दिखाई दे रहा है। सड़क किनारे ढाबों और होटलों की आड़ में खुलेआम शराब बेची जा रही है, देर रात तक लोगों को बैठाकर शराब पिलाई जा रही है… और जिम्मेदार विभाग आंखें मूंदे बैठा है। Holiday ढाबा  जायसवाल ढाबा से सामने आया वीडियो पूरे सिस्टम की पोल खोलने के लिए काफी है। सूत्रों ने बताया कि आसपास चल रहे कई ढाबों में भी oyo की आड़ में रुम में भी शराब आसानी से मुहैया करवाई जा रही है ।
वीडियो में साफ नजर आ रहा है कि ढाबे को नियम-कानून की परवाह नहीं, बल्कि खुलेआम “मिनी बार” बनाकर शराब परोसी जा रही है। ऐसा लग रहा है मानो आबकारी विभाग की अनुमति से ही यह सब चल रहा हो।हालांकि इस वीडियो में शराब पीता कोई मदिराप्रेमी नजर नहीं आ रहा है लेकिन वीडियो उपलब्ध करवाने वाले सूत्र का दावा और वीडियो में ढाबे के अंदर सजी शराब की बोतले हकीकत खुद बयां करने के लिए काफी है ।


सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब गांव में कोई गरीब व्यक्ति शराब पीते पकड़ लिया जाता है तो आबकारी और पुलिस तत्काल कार्रवाई करते हैं… लेकिन मुख्य मार्ग पर खुलेआम चल रही शराबखोरी आखिर किसके संरक्षण में पल रही है?
ग्रामीणों का आरोप है कि सकरी थाना कुछ ही दूरी पर मौजूद है, इसके बावजूद शाम होते ही ढाबों में शराबियों की भीड़ लग जाती है। रातभर जाम छलकते हैं, गाली-गलौज होती है, हुड़दंग मचता है और फिर यही शराबी सड़क पर मौत बनकर दौड़ते हैं।क्षेत्र में लगातार सड़क हादसे बढ़ रहे हैं। नशे में वाहन चलाने के कारण लोगों की जान जा रही है, लेकिन जिम्मेदार विभाग सिर्फ कागजी कार्रवाई और बैठकों तक सीमित नजर आ रहा है।
महिलाओं और ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि गांव का माहौल लगातार बिगड़ रहा है। बच्चों और परिवारों का सड़क पर निकलना मुश्किल हो गया है।
लेकिन आबकारी विभाग की चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है —क्या इन अवैध कारोबारियों को किसी का संरक्षण प्राप्त है?
क्या नियम सिर्फ आम लोगों के लिए हैं?
और क्या हादसों में हो रही मौतों का इंतजार किया जा रहा है? ग्रामीणों ने मांग की है कि भरनी–परसदा–पेंडारी मार्ग पर तत्काल विशेष अभियान चलाया जाए, रातभर पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए, ढाबों और होटलों में छापेमार कार्रवाई हो और अवैध शराब बेचने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।वरना आने वाले दिनों में यह मार्ग सिर्फ अवैध शराब का अड्डा नहीं, बल्कि बड़े हादसों और अपराधों का केंद्र बन सकता है।

error: Content is protected !!