बिलासपुर का प्रस्तावित बेबी फ्लाई ओवर शहरवासियों के लिये बनेगा सिरदर्द । कमीशनखोरी का माध्यम बनेगा प्रस्तावित फ्लाई ओवर। जनभावनाओं के अनुरूप आजाद मंच करेगा विरोध-विक्रांत तिवारी

बिलासपुर । आजाद मंच के प्रमुख विक्रांत तिवारी ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ प्रदेश का दूसरा बड़ा शहर है । बिलासपुर पिछले 23 सालों में रायपुर से विकास के मामले में कहीं पीछे छूट चुका है। जहां राजधानी रायपुर का चौतरफा विकास देखने को मिला तो वहीँ बिलासपुर विकास की आशा में गड्ढे, नाली.सीवरेज इन्हीं से जूझता रह गया ।आजाद मंच के प्रमुख विक्रांत तिवारी ने कहा कि, राज्य सरकार द्वारा बिलासपुर के विकास के नाम पर सिर्फ हवा हवाई बातें और एक बेबी फ़्लावर नाम का खिलौना बिलासपुर को थमा दिया जाता है जिसका ना कोई उपयोग होता है ना ही जिसकी कोई जरूरत रहती है ।
70 करोड़ की लागत से बिलासपुर की पहचान माने जाने वाली लिंक रोड के ऊपर लगभग 2 किलोमीटर का 7 मीटर चौड़ा फ्लाईओवर को मंजूरी दी गई है,जिसके विरोध में आजाद मंच सड़कों पर उतरने की तैयारी में है ।
विक्रांत तिवारी ने कहा कि यह योजना बिलासपुर के सीने पर एक और घाव की भांति होगी । ऐसी योजना से बिलासपुर की लगभग आधी आबादी दिक्कत में आएगी । इस योजना से सैकडों व्यापारियों को नुकसान होगा, हजारों लोगों के घरों की कीमत गिर जाएगी और शहर की आम जनता को इसके निर्माण काल में और निर्माण के बाद लगातार दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा । यह योजना कमीशनखोरी के लिए लाई जा रही है । बड़े शहर में लोगों को मुआवजा देकर रोड चौड़ीकरण किया जाता है लेकिन लोगों के मुआवजा देने में कमीशन खोरी नहीं हो सकती इसलिए ऐसा बेबी फ्लाई ओवर को एक झुनझुना के रूप में विकास के नाम पर बिलासपुर को दिया जा रहा है।