टाइगर रिजर्व में ढाई साल बाद बाघ की दस्तक, ट्रैप कैमरे में कैद हुई तस्वीर..।
बैल का शिकार करने का LIVE VIDEO सामने आने से मचा हड़कंप ..!


डेस्क खबर ../ धमतरी जिले के उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व से बाघ दिखने से इलाके के स्थानीय लोगों दहशत का माहौल है। वहीं करीब ढाई साल बाद इलाके में टाइगर की मौजूदगी के पुख्ता प्रमाण मिलने से वन विभाग में उत्साह की खबर है ।रिजर्व के कोर क्षेत्र अरसी कन्हार जंगल में एक बाघ की मौजूदगी की पुष्टि हुई है। ढाई साल बाद पहली बार यहां ट्रैप कैमरे में बाघ की तस्वीर कैद हुई है, विभाग को कुछ दिनों पहले बाघ के पदचिन्ह मिलने की सूचना मिली थी, जिसके बाद लगातार क्षेत्र में ट्रैकिंग और निगरानी की जा रही थी। इसी बीच लगे ट्रैप कैमरे में बाघ की तस्वीर के साथ-साथ उसका एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वह एक बैल का शिकार करते दिखाई दे रहा है। इस दुर्लभ दृश्य ने साफ कर दिया है कि टाइगर रिजर्व में अब भी बाघ की उपस्थिति बरकरार है।
बाघ की पुष्टि होते ही वन विभाग ने संबंधित क्षेत्र में सघन अभियान तेज कर दिया है ताकि बाघ की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। साथ ही आसपास के ग्रामीण इलाकों में अलर्ट जारी कर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी गई है और वनकर्मियों की तैनाती बढ़ाई गई है।

उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व छत्तीसगढ़ का प्रमुख बाघ संरक्षण क्षेत्र है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में यहां बाघों की संख्या को लेकर अनिश्चितता बनी हुई थी। अब ट्रैप कैमरे में बाघ के स्पष्ट प्रमाण मिलने से यह उम्मीद जगी है कि यहां बाघों की आबादी फिर से स्थिर हो सकती है। वन विभाग ने कहा है कि वे लगातार निगरानी रखेंगे और बाघ की हर गतिविधि पर नजर बनाए रखेंगे, ताकि उसकी सुरक्षा के साथ-साथ स्थानीय लोगों की भी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
