सत्ता बदलते ही बदले बदले दिख रहे कांग्रेसी, कल तक करते थे जिनका विरोध अब कर रहे उन्ही का समर्थन..! .
नेताओ के मेल के बीच क्या चल रहा है कोई खेल..??


डेस्क खबर../ जांजगीर-चांपा जिले की राजनीति में एक दिलचस्प मोड़ देखने को मिल रहा है। जिले से आई तस्वीरे खुद कांग्रेसियों की पूरी कहानी बंया कर रही है कल तक कांग्रेस के वफादार और सक्रिय चेहरों में शामिल रहे पूर्व प्रदेश कांग्रेस सचिव रवि पांडेय और पूर्व विधायक चुन्नीलाल साहू जिन्हें कांग्रेस ने तीन बार टिकट दे कर चुनाव लड़या प्रदेश कांग्रेस का उपाध्यक्ष भी बनाया अब बीजेपी नेताओं की अगवानी करते नजर आ रहे हैं। राजनीति में पाला बदलना कोई नई बात नहीं, लेकिन जब यह बदलाव अचानक और बार-बार हो, और ऐसी तस्वीरे सामने आये तो जनता के बीच सवाल उठना लाजमी है।

रवि पांडेय और पूर्व विधायक चुन्नीलाल साहू कभी कांग्रेस के मंचों की शान हुआ करते थे। सभाओं में उनका भाषण और जनता से सीधा संवाद पार्टी को क्षेत्र मे मजबूती देने का काम करता था और नेताओ के शब्दो से कार्यकर्ता भी जोश और ऊर्जा से भरे नजर आते थे । लेकिन आज वही नेता बीजेपी के स्वागत मंच पर खड़े दिख रहे हैं और बीजेपी नेताओ के आगे पीछे चक्कर लगा रहे है अब इसकी वजह बदलाव है या सत्ता का दम यह तो नेताजी ही बेहतर राय रख सकते है। क्या यह बदलाव सिर्फ दल का है या फिर एक सोच और विचारधारा का ..??

राजनीति में अवसरवादिता कोई अनजानी या नई बात नही है । , मगर जब नेता अपने सिद्धांतों और पार्टी के विचारों से ज़्यादा अपने स्वार्थों को महत्व देने लगें, तो जनता का भरोसा टूटता है। तस्वीरों मे दिख रहे जो नेता दूसरों का नेतृत्व स्वीकार कर रहे हैं, कल वही खुद नेतृत्व करते थे। इन तस्वीरों के बाद कही कहीं न कहीं उनकी राजनीतिक जमीन की कमजोरी की हकीकत बता देने के लिए काफी है ऐसे मे पब्लिक जानना चाहती है कल तक जिन नेताजी पीछे जनता चलती थी आखिर वे नेता अब पीछे चलने मे क्यो मजबूर है ?? करोडो का ठेका या फिर सत्ता से करीबी की चाहत ..??
