

डेस्क खबर बिलासपुर ../ जिले को धार्मिक नगरी रतनपुर में गैस एजेंसी संचालक की मनमानी के चलते उपभोक्ताओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गैस सिलेंडर प्राप्त करने के लिए लोगों को सुबह 6 बजे से ही लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है, इसके बावजूद कई उपभोक्ताओं को खाली हाथ लौटना पड़ रहा है।
स्थिति अत्यंत दयनीय बनी हुई है। एजेंसी परिसर में न तो पीने के पानी की कोई व्यवस्था है और न ही तेज धूप से बचाव के लिए छाया की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। महिलाएं, बुजुर्ग और अन्य उपभोक्ता घंटों तक तेज धूप में खड़े रहने को मजबूर हैं, जिससे उनकी परेशानी और बढ़ जाती है।

बताया जा रहा है कि विशेष रूप से महिलाओं को केवाईसी के नाम पर बार-बार वापस लौटा दिया जाता है, जिससे उनमें आक्रोश बढ़ता जा रहा है। साथ ही महिला और पुरुषों के लिए अलग-अलग लाइन की कोई व्यवस्था नहीं होने के कारण अव्यवस्था का माहौल बना रहता है।

उपभोक्ताओं का यह भी आरोप है कि किसी भी प्रकार की जानकारी पूछने पर एजेंसी संचालक द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं दिया जाता। उनका रवैया भी उपभोक्ताओं के प्रति ठीक नहीं है, जिससे लोग खुद को उपेक्षित और परेशान महसूस कर रहे हैं। एक तरफ जहां प्रशासन गैस की कमी नहीं होने की दलील दे रहा और गैस पर पैनिक नहीं होने की नसीहत देता नजर आ रहा है वही दूसरी तरफ गैस एजेंसी में लगी लंबी लाइन प्रशासन के दावों की पोल खोलती नजर आ रही है ।
स्थानीय लोगों के अनुसार पूरे रतनपुर शहर में केवल एक ही गैस एजेंसी संचालित होने के कारण समस्या और भी गंभीर हो गई है। नवरात्रि और ईद जैसे प्रमुख त्योहारों के दौरान भी कई उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर नहीं मिल पाया, जिससे उनकी दैनिक जरूरतें प्रभावित हुईं।

उपभोक्ताओं ने प्रशासन से मांग की है कि गैस वितरण व्यवस्था में तत्काल सुधार किया जाए, एजेंसी में मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं, महिला एवं पुरुषों के लिए अलग-अलग लाइन की व्यवस्था लागू की जाए तथा एजेंसी संचालक की मनमानी और अनुचित व्यवहार पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके ताकि ऐसी लाइन देख आमजनता पैनिक न हो पाए और आम लोगों को आसानी से गैस मिल पाए ।
