

डेस्क खबर बिलासपुर। सरकंडा थाना क्षेत्र में उस वक्त तनावपूर्ण माहौल बन गया जब हिंदू संगठनों के सैकड़ों नहीं बल्कि हजारों कार्यकर्ता थाने का घेराव करने पहुंच गए। मामला ठाकुर राम सिंह पर दर्ज एफआईआर के विरोध से जुड़ा हुआ है, जिसे लेकर संगठनों में भारी आक्रोश देखा गया।
जानकारी के अनुसार, हाल ही में ईरान के नेता खामनेई की मौत से जुड़ी एक सोशल मीडिया पोस्ट और मिठाई बांटने के मामले में पुलिस ने ठाकुर राम सिंह के खिलाफ केस दर्ज किया था। इस कार्रवाई के विरोध में राम सिंह खुद अपने समर्थकों के साथ सरकंडा थाना पहुंचे और गिरफ्तारी देने की घोषणा की। उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थक भी पहुंचे, जिससे देखते ही देखते थाने के बाहर भीड़ जमा हो गई और नारेबाजी शुरू हो गई।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। लंबे समय तक चले प्रदर्शन के दौरान माहौल तनावपूर्ण बना रहा, हालांकि किसी प्रकार की हिंसक घटना सामने नहीं आई। राम सिंह ने पुलिस के समक्ष गिरफ्तारी देने की कोशिश भी की, लेकिन पुलिस ने मामले की जांच जारी होने का हवाला देते हुए तत्काल गिरफ्तारी से इनकार कर दिया।
प्रदर्शन के दौरान सैकड़ों महिलाओं और युवकों ने भी एफआईआर का विरोध करते हुए खुद को गिरफ्तार करने की मांग की। पुलिस ने सभी समर्थकों के नाम दर्ज कर उन्हें शांतिपूर्वक वहां से जाने दिया। इसके बाद समर्थकों ने राम सिंह को कंधों पर बैठाकर थाने से बाहर निकाला, जो पूरे घटनाक्रम का प्रमुख दृश्य रहा।
इस दौरान राम सिंह ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर मुस्लिम समुदाय के आवेदन पर सवाल उठाते हुए एक बार फिर नाराजगी जताई। प्रदर्शन के दौरान राम सिंह ने अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि खामनेई की मौत पर सोशल मीडिया पोस्ट और मिठाई बांटने को लेकर केस दर्ज करना अनुचित है। अपने बयान में उन्होंने यह भी पूछा कि खामनेई का भारत से क्या संबंध है, जिस पर यहां इस तरह की प्रतिक्रिया हो रही है और देश के अलग अलग हिस्सों में आखिर क्यों प्रदर्शन हो रहे है ।
भगवा ध्वज और भगवा वस्त्रों में पहुंचे सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए अपना आक्रोश जताया और राम सिंह के समर्थन में गिरफ्तारी देने की बात कही।हालांकि पुलिस ने मामले में संयम बरतते हुए किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने का प्रयास किया। पुलिस ने सभी को समझाइश देकर वापस भेज दिया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और क्षेत्र में शांति बनाए रखने की अपील की है।